राजगढ़ (धार) में बिजली संकट गहराता जा रहा है, और अब यह मामला ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर के दरवाजे तक पहुंच गया है। पिछले एक साल से नगर परिषद राजगढ़ क्षेत्र में बिजली की बदहाल स्थिति ने आम जनता का जीना मुहाल कर रखा है। लगातार हो रही अघोषित बिजली कटौती और पुराने विद्युत उपकरणों के कारण लोगों में रोष व्याप्त है। इस गंभीर समस्या को लेकर भाजपा नेता निलेश सोनी ने ऊर्जा मंत्री के निजी सचिव अरुण जी से फोन पर विस्तृत चर्चा की। उन्होंने जमीनी हकीकत से अवगत कराते हुए बताया कि maintenance के नाम पर प्रतिदिन 3 से 4 घंटे तक बिना सूचना के बिजली कटौती की जा रही है, जिससे आम जीवन अस्त-व्यस्त हो गया है।
वार्ड नंबर 10 की पार्षद रीतु निलेश सोनी ने ऊर्जा मंत्री को पत्र लिखकर अधिकारियों की लापरवाही उजागर की। उन्होंने बताया कि नगर में लगी पुरानी डीपी (Distribution Points) और केबलों के कारण बार-बार फॉल्ट हो रहे हैं, और विभाग के पास इन्हें सही करने के लिए पर्याप्त स्टाफ भी नहीं है। यही कारण है कि एक छोटी सी खराबी को ठीक करने में घंटों लग जाते हैं।
इस मुद्दे को गंभीरता से लेते हुए पूर्व कैबिनेट मंत्री राजवर्धनसिंह दत्तीगाव और भाजपा जिला अध्यक्ष महंत निलेश भारती को भी समस्या से अवगत कराया गया। साथ ही, भाजपा नेता निलेश परमार ने उच्चाधिकारियों से संवाद कर विद्युत व्यवस्था में तुरंत सुधार की मांग की है। अब इस पूरे प्रकरण को देखते हुए ऊर्जा मंत्री कार्यालय को speed post के माध्यम से औपचारिक शिकायत भेजी गई है। साथ ही त्वरित कार्रवाई के लिए ईमेल और व्हाट्सएप पर भी यह शिकायत प्रेषित की गई है।
शिकायत में साफ तौर पर कहा गया है कि maintenance के नाम पर लंबी बिजली कटौती पर तुरंत रोक लगाई जाए। जर्जर केबलों और पुरानी डीपी को बदला जाए, और स्टाफ की कमी को पूरा कर जनता की समस्याओं का समय पर समाधान किया जाए। क्षेत्रीय जनप्रतिनिधियों का कहना है कि अगर जल्द सुधार नहीं हुए, तो इस बिजली संकट को लेकर राजगढ़ की जनता कड़े कदम उठाने को मजबूर होगी। फिलहाल, ऊर्जा मंत्री के कार्यालय से इस मामले में जल्द कार्रवाई की उम्मीद की जा रही है।


