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राजगढ़ श्री संघ ने पिटोल पहुँचकर की चातुर्मास की भावभरी विनती,साध्वी मयूरकलाश्री जी का भव्य मंगल प्रवेश






 




    पिटोल । युगप्रभावक पुण्यसम्राट गुरुदेव श्रीमद् विजय जयन्तसेन सूरिश्वर जी महाराजा समुदायवर्ती परम पूज्य साध्वी श्री मयूरकलाश्री जी आदि ठाणा का गुजरात बॉर्डर स्थित पिटोल में भव्य मंगल प्रवेश हुआ। इस पावन अवसर पर दर्शन वंदन करने एवं आगामी चातुर्मास की विनती करने के लिए त्रिस्तुतिक जैन श्री संघ, राजगढ़ का एक विशाल प्रतिनिधिमंडल विशेष रूप से पिटोल पहुँचा।

   राजगढ़ श्री संघ के अध्यक्ष संदीप खंजाची एवं संरक्षक सुरेश तातेड के नेतृत्व में समाजजनों ने साध्वी भगवंतों के समक्ष राजगढ़ में चातुर्मास करने हेतु सामूहिक विनती प्रस्तुत की। चातुर्मास विनती के इस पावन कार्य के लिए राजगढ़ के श्रद्धालुओं में अपार उत्साह देखा गया, जहाँ लगभग छह गाड़ियों के काफिले के साथ बड़ी संख्या में समाजजन पिटोल पहुँचे।

    इस अवसर पर साध्वी श्री जी से चातुर्मास का निवेदन करने के लिए श्री संघ के अनेक वरिष्ठ एवं उत्साही श्रावक उपस्थित रहे, जिनमें मुख्य रूप से अशोक भण्डारी, राकेश राजावत, राकेश हरण, सुनील छजलानी, संजय पूराणी, सुभाष चत्तर, दिनेश चत्तर, निलेश सराफ, अक्षय भण्डारी, राजेन्द्र भण्डारी, हेमन्त रोकडिया, सोनू भण्डारी और दिलीप जैन सहित अन्य गणमान्य समाजजन मौजूद थे। सभी ने साध्वी भगवंतों के श्रीचरणों में भावपूर्ण वंदन कर राजगढ़ की धर्मप्रेमी जनता की ओर से औपचारिक विनती पत्र प्रस्तुत किया।
   
   पिटोल में साध्वी श्री जी के मंगल प्रवेश के दौरान संपूर्ण वातावरण धर्ममय और भक्तिमय हो गया। राजगढ़ श्री संघ को पूर्ण आशा है कि साध्वी श्री जी अपनी महती कृपा बरसाते हुए राजगढ़ नगर को चातुर्मास का पावन लाभ प्रदान करेंगी। साध्वी श्री जी का आगामी विहार झाबुआ होते हुए सुप्रसिद्ध तीर्थ मोहनखेड़ा की ओर होगा।


ट्रिनिटी एयर ट्रैवल एंड टूर्स ने 'ट्रिनिटी स्टडी अब्रॉड' की वृद्धि के साथ वैश्विक शिक्षा क्षेत्र में अपने विस्तार को मजबूत किया

प्रभाग भारतीय छात्रों को एक सहज, एंड-टू-एंड वैश्विक शिक्षा अनुभव प्रदान करने के लिए यात्रा और वीजा विशेषज्ञता के चार दशकों का लाभ उठाएगा

मुंबई, महाराष्ट्र, भारत
1982 से भारतीय ट्रेवल इंडस्ट्री में एक दिग्गज कंपनी, ट्रिनिटी एयर ट्रैवल एंड टूर्स प्राइवेट लिमिटेड ने आज 'ट्रिनिटी स्टडी अब्रॉड' के औपचारिक लॉन्च के साथ शिक्षा क्षेत्र में अपने रणनीतिक विस्तार की घोषणा की। ऑनलाइन एग्रीगेटर्स के ट्रांजैक्शन-भारी मॉडल से आगे बढ़ते हुए, इस नए प्रभाग का उद्देश्य व्यक्तिगत अकादमिक परामर्श (personalized academic counseling) को अपनी मूल कंपनी की वीजा प्रोसेसिंग और वैश्विक लॉजिस्टिक्स में विशेषज्ञता के साथ जोड़कर जटिल अंतरराष्ट्रीय शिक्षा यात्रा को सरल बनाना है।

जहां एक ओर भारत में विदेशी शिक्षा की मांग लगातार बढ़ रही है, वहीं छात्रों और माता-पिता को अक्सर एक लंबी प्रक्रिया का सामना करना पड़ता है। वे प्रवेश, लोन, वीज़ा और यात्रा के लिए अलग-अलग वेंडर्स के बीच उलझे रहते हैं। ट्रिनिटी स्टडी अब्रॉड एक सिंगल-विंडो इकोसिस्टम की पेशकश करके इस अंतर को दूर करता है। यह फर्म यात्रा, विदेशी मुद्रा और आवास सहायता में ट्रिनिटी की इन-हाउस क्षमताओं के साथ करियर काउंसलिंग, यूनिवर्सिटी शॉर्टलिस्टिंग और एसओपी (SOP) मार्गदर्शन जैसी मुख्य शैक्षिक सेवाओं को एकीकृत करती है।
 
ट्रिनिटी एयर ट्रैवल एंड टूर्स प्राइवेट लिमिटेड के प्रबंध निदेशक श्री बेबी जॉन ने कहा, "ट्रिनिटी स्टडी अब्रॉड का उद्देश्य उन छात्रों को सर्वोत्तम मार्गदर्शन और मदद प्रदान करना है जो विदेश में अध्ययन करना चाहते हैं। विश्वास, ईमानदारी, सत्यनिष्ठा और ग्राहक सेवा वे चार स्तंभ हैं जिन पर मैंने अपनी सभी कंपनियों का निर्माण किया है। इस नए प्रभाग के साथ, हम उन मूल्यों को शिक्षा में ला रहे हैं, यह सुनिश्चित करते हुए कि परिवारों को केवल एप्लिकेशन प्रोसेसिंग के बजाय पारदर्शी, एंड-टू-एंड मेंटरशिप प्राप्त हो।"
 
ट्रिनिटी स्टडी अब्रॉड के सर्विस पोर्टफोलियो की मुख्य विशेषताएं इस प्रकार हैं:
  • व्यक्तिगत मेंटरशिप (Personalized Mentorship): वॉल्यूम-आधारित प्रोसेसिंग से हटकर समर्पित, वन-ऑन-वन (one-on-one) छात्र परामर्श पर ध्यान केंद्रित करना।
  • व्यापक लॉजिस्टिक्स (Comprehensive Logistics): सरल वीजा फाइलिंग, एयर टिकटिंग और विदेशी मुद्रा (foreign exchange) के लिए मूल कंपनी की IATA-मान्यता प्राप्त विरासत का लाभ उठाना।
  • वित्तीय और आगमन के बाद सहायता (Financial & Post-Arrival Support): शिक्षा ऋण (education loans), प्रस्थान-पूर्व ब्रीफिंग (pre-departure briefings) और गंतव्य देशों (destination countries) में बसने में सहायता।
सही पाठ्यक्रम चुनने से लेकर एक नए देश में आवास सुरक्षित करने तक, अंतर्राष्ट्रीय शिक्षा की जटिलताओं को नेविगेट करना परिवारों के लिए भारी पड़ सकता है। ट्रिनिटी स्टडी अब्रॉड एक संरचित मार्ग की पेशकश करके इस चिंता को कम करता है जो हर महत्वपूर्ण कदम को कवर करता है। चाहे वह उभरते हुए हब में उच्च-आरओआई (high-ROI) पाठ्यक्रमों की पहचान करना हो या पारंपरिक पसंदीदा देशों के लिए जटिल वीजा दस्तावेज़ीकरण का प्रबंधन करना हो, टीम यह सुनिश्चित करती है कि छात्रों को केवल 'आवेदक' के रूप में नहीं माना जाए, बल्कि अच्छी तरह से तैयार भविष्य के निवासियों के रूप में देखा जाए। यह समग्र मॉडल शिक्षा ऋण सहायता और विदेशी मुद्रा समर्थन सहित प्रवेश के बाद की आवश्यक जरूरतों तक फैला हुआ है, जो यह सुनिश्चित करता है कि माता-पिता के पास कई एजेंसियों के साथ समन्वय करने के बजाय पूरी यात्रा के लिए संपर्क का एक ही, विश्वसनीय बिंदु हो।
 
यह प्रभाग वर्तमान में यूके (UK), कनाडा (Canada), ऑस्ट्रेलिया (Australia), यूएसए (USA) और यूरोप (Europe) सहित प्रमुख वैश्विक शिक्षा केंद्रों में आवेदन करने वाले छात्रों की सहायता कर रहा है। मजबूत लॉजिस्टिक समर्थन के साथ अकादमिक आकांक्षाओं को जोड़कर, ट्रिनिटी पहली बार घर छोड़ने वाले छात्रों के लिए एक सुरक्षित वातावरण सुनिश्चित करता है।
 
अधिक जानकारी के लिए, कृपया देखें: www.trinitystudyabroad.com/services.
 
ट्रिनिटी एयर ट्रैवल एंड टूर्स प्राइवेट लिमिटेड के बारे में
1982 में मुंबई में स्थापित, ट्रिनिटी एयर ट्रैवल एंड टूर्स प्राइवेट लिमिटेड (Trinity Air Travel & Tours Pvt. Ltd.) यात्रा और पर्यटन उद्योग (travel and tourism industry) में एक मान्यता प्राप्त लीडर है। श्री बेबी जॉन के दूरदर्शी नेतृत्व में, कंपनी ने पासपोर्ट सहायता, वीजा प्रोसेसिंग, अंतरराष्ट्रीय एयर टिकटिंग और ट्रिनिटी वर्ल्ड हॉलीडेज (Trinity World Holidays) के माध्यम से क्यूरेटेड हॉलिडे अनुभवों में उत्कृष्टता के लिए एक मजबूत प्रतिष्ठा बनाई है। ट्रिनिटी स्टडी अब्रॉड समूह के नवीनतम उद्यम का प्रतिनिधित्व करता है, जो वैश्विक नागरिकों की अगली पीढ़ी को सशक्त बनाने के लिए समर्पित है।

राजगढ़ में प्रवर्तक श्री जिनेन्द्रमुनिजी म.सा. का 67वाँ जन्मदिवस श्रद्धा व भक्ति के साथ मनाया गया






 




  राजगढ़ (धार)। आचार्य पूज्य गुरुदेव श्री उमेशमुनिजी म.सा. के सुशिष्य, धर्मदास गणनायक एवं आगम विशारद प्रवर्तक पूज्य श्री जिनेन्द्रमुनिजी म.सा. का 67वाँ जन्मदिवस मंगलवार, 10 मार्च 2026 को राजगढ़ में पूरे हर्षोल्लास और भक्तिभाव के साथ मनाया गया।
  इस पावन अवसर पर स्थानीय महावीर स्थानक भवन में प्रातः 8:30 बजे से 9:30 बजे तक धार्मिक कार्यक्रमों की श्रृंखला आयोजित की गई। कार्यक्रम की शुरुआत नवकार महामंत्र के सामूहिक जाप से हुई, जिसमें बड़ी संख्या में श्रावक-श्राविकाओं ने सम्मिलित होकर पुण्य लाभ अर्जित किया। इसके बाद गुरु जिनेन्द्र चालीसा का पाठ किया गया, जिससे पूरा वातावरण भक्तिमय हो गया।
   कार्यक्रम के दौरान स्वाध्याय संतोष बुरड़ ने प्रवर्तक श्री जिनेन्द्रमुनिजी म.सा. के जीवन दर्शन, उनकी कठोर तपस्या और धर्म प्रभावना में उनके योगदान पर प्रकाश डाला। उन्होंने उपस्थित श्रद्धालुओं को गुरुदेव के जीवन से प्रेरणा लेकर उसे अपने दैनिक जीवन में उतारने का संदेश दिया।
   इस धार्मिक आयोजन में प्रभावना के लाभार्थी के रूप में बाबूलाल मूणत परिवार एवं श्रीमती शांतिबाई-तेजमल डोसी परिवार का विशेष सहयोग रहा। संघ के हितेश वागरेचा ने बताया कि गुरुदेव के जन्मदिन के उपलक्ष्य में आयोजित इन कार्यक्रमों में समाजजनों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।

महाराष्ट्र ने रणनीतिक 'कर्टेन रेज़र' समारोह के साथ पल्स 2026 का किया शुभारंभ

मुंबई, महाराष्ट्र, भारत

महाराष्ट्र ने मंगलवार को महाराष्ट्र विधान भवन में मुख्यमंत्री देवेन्द्र फडणवीस की अध्यक्षता में आयोजित 'कर्टेन रेज़र' (Curtain Raiser) कार्यक्रम के साथ पल्स 2026 (PULSE 2026) को औपचारिक रूप से आरंभ कर दिया है। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने राज्य को हेल्थकेयर इनोवेशन, चिकित्सा शिक्षा और संबंधित निवेशों के मोर्चे पर अग्रणी बनाने के लिए एक व्यापक दृष्टिकोण की रूपरेखा प्रस्तुत की।



मात्र एक औपचारिक उद्घाटन से आगे बढ़कर, इस कर्टेन रेज़र ने इस बात को मजबूती से रेखांकित किया कि महाराष्ट्र सरकार स्वास्थ्य सुविधाओं को न केवल एक सामाजिक अनिवार्यता के रूप में, बल्कि राज्य के आर्थिक, नवाचार और अनुसंधान मिशन के केंद्र में एक रणनीतिक बुनियादी ढांचे के रूप में पुनर्गठित कर रही है। मुख्यमंत्री के नेतृत्व में आयोजित इस कार्यक्रम में चिकित्सा शिक्षा मंत्री हसन मुश्रीफ, जल संसाधन मंत्री गिरीश महाजन, चिकित्सा शिक्षा राज्य मंत्री माधुरी मिसाल, चिकित्सा शिक्षा एवं औषधि सचिव धीरज कुमार (आईएएस) और चिकित्सा शिक्षा आयुक्त अनिल भंडारी (आईएएस) ने गरिमामयी उपस्थिति दर्ज कराई।

इस उच्च-स्तरीय चर्चा में सर एच.एन. रिलायंस फाउंडेशन अस्पताल और लीलावती अस्पताल जैसे प्रमुख स्वास्थ्य संस्थानों के उच्च अधिकारियों के साथ-साथ भारती विद्यापीठ की स्वप्नाली कदम और प्रमुख डायग्नोस्टिक्स कंपनी एजिलस डायग्नोस्टिक्स ने भाग लिया। उनके साथ लॉन्जिविटी (longevity) और हेल्थ स्पैन एजुकेटर प्रशांत देसाई; इंटीग्रेटिव हेल्थ विशेषज्ञ ल्यूक कॉटिन्हो; अभिनेत्री और महिला स्वास्थ्य पैरोकार सोहा अली खान (जो UNFPA इंडिया से जुड़ी हैं); और महाराष्ट्र में 'बल्क ड्रग पार्क' के विकास में शामिल रामकी ग्रुप (Ramky Group) के प्रतिनिधि भी शामिल हुए। इनमें से कई प्रतिभागियों ने राज्य में हेल्थकेयर इनोवेशन, अनुसंधान सहयोग और स्वास्थ्य प्रणालियों के कायाकल्प को मजबूत करने के प्लेटफॉर्म के दीर्घकालिक दृष्टिकोण का समर्थन करने की प्रतिबद्धता जताते हुए 'चैंपियंस फॉर पल्स' (Champions for PULSE) के रूप में इस पहल से हाथ मिलाया।

इस सभा की संरचना ने क्लिनिकल मेडिसिन, प्रिवेंटिव वेलनेस (निवारक स्वास्थ्य), डायग्नोस्टिक्स, नीति और निवेश के संगम के रूप में 'पल्स 2026' के लक्ष्यों को स्पष्ट रूप से दर्शाया। महत्वपूर्ण बात यह है कि राज्य सरकार ने पुष्टि की है कि 'पल्स 2026' का आयोजन 27 से 28 मार्च, 2026 तक मुंबई के जियो वर्ल्ड कन्वेंशन सेंटर में किया जाएगा, जो इस शिखर सम्मेलन के व्यापक पैमाने और भव्यता को परिलक्षित करता है।


अपने संबोधन में, मुख्यमंत्री ने इस क्षेत्र के विकास के लिए एक स्पष्ट दृष्टिकोण व्यक्त किया।


माननीय मुख्यमंत्री देवेन्द्र फडणवीस ने कहा, "स्वास्थ्य सेवा को एक सामाजिक जिम्मेदारी और दीर्घकालिक आर्थिक विकास के चालक, दोनों रूपों में देखा जाना चाहिए। महाराष्ट्र के पास हेल्थकेयर परिवर्तन में एक राष्ट्रीय लीडर के रूप में उभरने के लिए संस्थागत ढांचा, चिकित्सा विशेषज्ञता और नवाचार क्षमता मौजूद है। पल्स 2026 के माध्यम से, हमारा लक्ष्य एक ऐसा संरचित प्लेटफॉर्म बनाना है जो हमारे स्वास्थ्य ईको-सिस्टम को मजबूत करने के लिए नीति, पूंजी, अनुसंधान और क्लिनिकल उत्कृष्टता  को एक साथ लाए।"

मुख्यमंत्री ने किफायती स्वास्थ्य देखभाल (affordable healthcare) मॉडल विकसित करने और महाराष्ट्र के स्वास्थ्य एवं मेडटेक (medtech) इकोसिस्टम को सुदृढ़ करने के महत्व पर भी प्रकाश डाला। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि राज्य का विस्तार ले रहा डिजिटल स्वास्थ्य बुनियादी ढांचा और सार्वजनिक स्वास्थ्य डेटा सिस्टम इनोवेशन, अनुसंधान और प्रौद्योगिकी विकास को सक्षम करने में उत्प्रेरक की भूमिका निभा सकते हैं। इसके साथ ही, यह सरकारी संस्थानों, स्वास्थ्य सेवा प्रदाताओं और निजी क्षेत्र के इनोवेटर्स के बीच सहयोग के नए अवसर भी पैदा करेगा।

बुनियादी ढांचे और नवाचार के अलावा, 'पल्स 2026' दीर्घकालिक स्वास्थ्य देखभाल के मूलभूत स्तंभों के रूप में प्रिवेंटिव हेल्थकेयर, प्रारंभिक निदान और सामुदायिक जागरूकता पर विशेष जोर देगा। निजी क्षेत्र की भागीदारी और संस्थागत विशेषज्ञता के साथ सार्वजनिक नीति को संरेखित करके, राज्य का लक्ष्य हेल्थकेयर इंफ्रास्ट्रक्चर, मेडटेक निर्माण, डिजिटल हेल्थ प्लेटफॉर्म, जैव प्रौद्योगिकी (biotechnology) अनुसंधान, वेलनेस, मेडिकल टूरिज्म और स्वास्थ्य सेवा विस्तार के क्षेत्रों में निवेश को गति प्रदान करना है।

अनुसंधान और अकादमिक सहयोग इस कॉन्क्लेव का एक और केंद्रीय स्तंभ होगा, जिसमें योग्यता-आधारित चिकित्सा शिक्षा, वैश्विक विश्वविद्यालय भागीदारी, ट्रांसलेशनल रिसर्च और प्रौद्योगिकी-सक्षम शिक्षण वातावरण पर मुख्य रूप से ध्यान केंद्रित किया जाएगा।


चिकित्सा, वित्तीय और शैक्षिक हब के रूप में मुंबई की स्थिति इस पहल को स्वाभाविक गति प्रदान करती है। हालांकि, इसका व्यापक विजन और भी विस्तृत है: महाराष्ट्र को हेल्थकेयर इनोवेशन, अनुसंधान उत्कृष्टता और वैश्विक पूंजी भागीदारी के लिए एक प्रवेश द्वार के रूप में स्थापित करना।

'पल्स 2026' में दो दिनों के दौरान 20 सत्रों में 130 से अधिक राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय वक्ताओं के एक साथ आने की उम्मीद है। इसमें सरकार, शिक्षाविदों, चिकित्सकों, उद्योग जगत के लीडर्स, निवेशकों और बहुपक्षीय संस्थानों का प्रतिनिधित्व करने वाले लगभग 2,900 प्रतिनिधियों के शामिल होने का अनुमान है। इसे केवल एक बार के आयोजन के रूप में नहीं, बल्कि स्वास्थ्य सेवा परिवर्तन के लिए एक सतत पांच-वर्षीय चार्टर के हिस्से के रूप में परिकल्पित किया गया है। यह पहल इस बात का भी गहराई से अध्ययन करेगी कि कैसे उभरती तकनीक (emerging technologies) और डिजिटल प्लेटफॉर्म हेल्थकेयर डिलीवरी, चिकित्सा शिक्षा और नवाचार इकोसिस्टम को नया रूप दे रहे हैं।

जियो वर्ल्ड कन्वेंशन सेंटर में 27 से 28 मार्च को 'पल्स 2026' को केवल एक सम्मेलन के रूप में नहीं, बल्कि भारत में स्वास्थ्य सेवा वितरण, निवेश और अनुसंधान के भविष्य को आकार देने के लिए एक रणनीतिक मंच के रूप में तैयार किया जा रहा है।

 

भारत बना विश्व चैंपियन,न्यूजीलैंड को हराकर जीता T20 वर्ल्ड कप फाइनल




 



   अहमदाबाद। ICC T20 World Cup के फाइनल मुकाबले में India national cricket team ने शानदार प्रदर्शन करते हुए New Zealand national cricket team को 85 रन से हराकर खिताब अपने नाम कर लिया। यह मुकाबला अहमदाबाद के Narendra Modi Stadium में खेला गया।

  न्यूजीलैंड ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने का फैसला किया। पहले बल्लेबाजी करते हुए भारत ने 20 ओवर में 255 रन 5 विकेट के नुकसान पर बनाए और न्यूजीलैंड के सामने 256 रन का लक्ष्य रखा। भारतीय बल्लेबाजों ने शुरुआत से ही आक्रामक खेल दिखाते हुए टीम को मजबूत स्कोर तक पहुंचाया।

 लक्ष्य का पीछा करने उतरी न्यूजीलैंड की टीम भारतीय गेंदबाजों के सामने टिक नहीं पाई और 159 रन पर ऑलआउट हो गई। भारत के गेंदबाजों ने लगातार विकेट लेकर न्यूजीलैंड की उम्मीदों पर पानी फेर दिया।

 इस जीत के साथ भारत ने शानदार प्रदर्शन करते हुए T20 वर्ल्ड कप का खिताब जीत लिया और स्टेडियम में मौजूद हजारों दर्शकों ने टीम इंडिया की जीत का जश्न मनाया।



राजगढ़ में रंग पंचमी की धूम: फाग यात्रा और गैर के साथ रंगों के उत्सव में डूबा शहर





 



  राजगढ़ (धार)। नगर में रंग पंचमी का पर्व पारंपरिक उत्साह, सौहार्द और रंगों की मस्ती के साथ मनाया गया। सुबह से ही शहर की फिजाओं में अबीर-गुलाल की महक घुल गई थी। बच्चों, युवाओं से लेकर बुजुर्गों तक, हर कोई इस उत्सव के रंग में रंगा हुआ नजर आया।

गली-मोहल्लों में बिखरी उमंग

  सुबह होते ही बच्चों की टोलियां हाथों में पिचकारियां और रंगों की थैलियां लेकर सड़कों पर उतर आईं। एक-दूसरे पर रंगों की बौछार करते बच्चों का उत्साह देखते ही बनता था। वहीं, महिलाओं और पुरुषों ने भी समूह में एकत्रित होकर एक-दूसरे को रंग लगाकर पर्व की बधाई दी। पर्व के चलते राजगढ़ के बाजार दोपहर 4 बजे तक बंद रहे, जिसके बाद शाम होते-होते रौनक और चहल-पहल बढ़ गई।

राधा-कृष्ण की भव्य फाग यात्रा

 सनातन संस्कृति रक्षा मंच द्वारा आयोजित राधा-कृष्ण की भव्य 'फाग यात्रा' इस वर्ष आकर्षण का मुख्य केंद्र रही। माताजी मंदिर से प्रारंभ हुई यह यात्रा नगर के प्रमुख मार्गों से गुजरी और पुनः मंदिर परिसर पहुंचकर संपन्न हुई। इस दौरान बड़ी संख्या में नगरवासियों ने सहभागिता की और मुख्य रूप से सूखे रंगों (गुलाल) का उपयोग कर पर्यावरण के प्रति जागरूकता का संदेश भी दिया।


नगर परिषद की 'रंगारंग गैर'


 नगर परिषद द्वारा निकाली गई पारंपरिक पानी की बौछार वाली 'रंगारंग गैर' ने युवाओं में जोश भर दिया। पालिका निधि परिसर से शुरू हुई इस गैर में नगर परिषद अध्यक्ष प्रतिनिधि महेश जायसवान ने उपस्थित नागरिकों का अभिवादन किया, जबकि उपाध्यक्ष दीपक जैन ने पानी की बौछार कर उत्साह का संचार किया। डीजे की थाप पर थिरकते युवाओं और उड़ते रंगों के बीच यह यात्रा पूरे रास्ते आकर्षण का केंद्र बनी रही।

शांतिपूर्ण रहा उत्सव

 त्योहार के दौरान नगर में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे। शांति और सौहार्दपूर्ण वातावरण बनाए रखने के लिए पुलिस प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद रहा। हर मुख्य चौराहे पर सुरक्षाबलों की तैनाती रही और पुलिस की पैनी नजर हर गतिविधि पर बनी रही।

सम्राट विक्रमादित्य के काल में अवंतिका नगरी में विजयी ध्वज निकाल कर मनाया जाता था उत्सव : मुख्यमंत्री डॉ. यादव






 

परंपरागत ध्वज चल समारोह हमारे सांस्कृतिक गौरव का प्रतीक
नगर में परंपरागत निकलने वाले चल समारोह (गेर) को निरंतर बनाए रखने प्रदान की जाएगी सवा लाख रुपए की सहयोग राशि

    उज्जैन । मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि प्राचीन अवंतिका नगरी में सम्राट विक्रमादित्य के शासनकाल के दौरान परंपरागत रूप से सैनिक छावनियों से सैनिक विजयी पताका और चिन्ह लेकर चल समारोह के रूप में नगर में उत्सव मनाते थे। बाद में इस उत्सव को गेर नाम दे दिया। यह प्राचीन परंपरा आज भी कायम है। यह परंपरा हमारे सांस्कृतिक गौरव का प्रतीक है।

  मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने रविवार को उज्जैन में सुबह श्री महाकालेश्वर मंदिर पहुंचकर भगवान श्री महाकाल का पूजन अभिषेक करने के बाद मंदिर के सभा मंडप में रंगपंचमी के अवसर पर ध्वज चल समारोह में भगवान वीरभद्र जी के ध्वज और श्री महाकाल ध्वज के साथ ही शस्त्रों का विधि विधान पूर्वक पूजन किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ध्वज हाथ में लेकर मंदिर के कुंड परिसर तक गए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने इस अवसर पर कलेक्टर श्री रौशन कुमार सिंह को निर्देश दिए कि उज्जैन में परंपरागत रूप से निकलने वाले चल समारोह (गेर) की परंपरा को आगे भी कायम रखने के लिए सवा-सवा लाख रुपए की राशि दी जाए।

  रंगपंचमी के अवसर पर श्री महाकालेश्वर मंदिर से परंपरागत रूप से निकलने वाले श्री महाकालेश्वर ध्वज चल समारोह (श्री वीरभद्र ध्वज चल समारोह) के पहले सुबह मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने श्री महाकालेश्वर मंदिर पहुंच कर गर्भगृह में भगवान श्री महाकाल का पूजन कर देश व प्रदेश की खुशहाली की कामना की। पूजन के बाद नंदी हाल में मंदिर के पुजारी-पुरोहितों द्वारा स्वस्ति वाचन किया गया। इस दौरान मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने भगवान महाकाल का ध्यान लगाया। इस अवसर पर कलेक्टर श्री रौशन कुमार सिंह ने मुख्यमंत्री डॉ. यादव को भगवान महाकाल का अंगवस्त्र, भगवान महाकाल का प्रसाद व स्मृति-चिन्ह भेंट कर सम्मान किया।

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने रंग पंचमी पर उज्जैन में खेली फूलों की होली
ये देश है वीर जवानों का" गाना गाया, सभी को रंग पंचमी की शुभकामनाएं दीं
उज्जैनवासियों ने मुख्यमंत्री का किया अभिनंदन

  मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने रविवार को रंगपंचमी के पावन अवसर पर टॉवर चौक उज्जैन में आमजन के साथ फूलों की होली खेली। इससे पहले मुख्यमंत्री डॉ. यादव सिंधी कॉलोनी से निकाली गई गेर (चल समारोह) में शामिल हुए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव को अपने बीच पाकर नागरिकों ने हर्षोल्लास से रंगपंचमी मनाई और मुख्यमंत्री का अभिवादन किया। टॉवर चौक पर बनाये गये मंच से मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सभी पर गुलाब के फूल बरसाकर होली खेली।

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि ये फूल हमें याद दिलाते हैं कि जीवन में रंग भले कितने भी हों, असली रंग तो दिल के रंग होते हैं, जो एक-दूसरे के लिए सम्मान, भाईचारा और देशभक्ति से भरे हों। रंगपंचमी पर हमारे जीवन में आत्मीयता बढ़े, प्रेम और स्नेह बढ़े यही ईश्वर से प्रार्थना है।

   इसके बाद मुख्यमंत्री और आम जनता ने मिलकर 'ये देश है वीर जवानों का, अलबेलों का मस्तानों का' गाना गाया तो लगा जैसे पूरा उज्जैन, एक सुर में गूंज रहा है। ये गाना उन वीर जवानों के लिए समर्पित था, जो सीमा पर खड़े होकर हमें ये रंग खेलने की आजादी देते हैं। आज टॉवर चौक पर रंगपंचमी पर हजारों लोगों का एक साथ नाचते और गाने में मालवी परंपरा की सोंधी खुशबू भी थी।