आचार्य श्री रवीन्द्रसूरीश्वर जी म.सा. की चतुर्थ पूण्यतिथि मनायी,आचार्य ऋषभचन्द्रसूरि ने कहा आचार्यश्री बहुत ही सरल स्वभावी थे....



  राजगढ़ (धार) म.प्र। दादा गुरुदेव श्रीमद्विजय राजेन्द्रसूरीश्वरजी म.सा. की पाट परम्परा के अष्ठम पट्टधर वर्तमान गच्छाधिपति आचार्यदेवेश श्रीमद्विजय ऋषभचन्द्रसूरीश्वरजी म.सा. व साधु-साध्वी मण्डल की निश्रा में पाट परम्परा के सप्तम पट्टधर गच्छाधिपति आचार्यदेवेश श्रीमद्विजय रवीन्द्रसूरीश्वरजी म.सा. की चतुर्थ पूण्यतिथि आचार्य पाट कक्ष में गुणानुवाद सभा के साथ मनायी ।







  तीर्थ के मेनेजिंग ट्रस्टी सुजानमल सेठ, ट्रस्टी संजय सराफ महाप्रबंधक अर्जुनप्रसाद मेहता एवं समाजसेवी सेवन्तीलाल मोदी, राजेन्द्र खजांची, मनीष चाईस,दिलीप भंडारी,पार्षद नरेंद्र भंडारी दिलीप नाहर सहित तीर्थ स्टाफ की उपस्थिति में आचार्यश्री की प्रतिमा के समक्ष दीप प्रज्ज्वलन कर माल्यार्पण किया गया ।

  इस अवसर पर मुनिराज श्री पीयूषचन्द्रविजयजी म.सा. व मेनेजिंग ट्रस्टी सुजानमल सेठ ने व अन्य समाजसेवीयों ने अपने-अपने विचार भावांजलि के रुप में प्रकट किये ।

  आचार्य श्री ऋषभचन्द्रसूरीश्वरजी म.सा. ने कहा कि आचार्य श्री रवीन्द्रसूरीश्वरजी म.सा. बहुत ही सरल स्वभावी होकर बड़े ही भोले विचारों के व्यक्ति थे ।