असम के नगांव जिले में लाओखोवा रोड (Laokhowa Road) पर स्थित एक छोटे से गांव की युवा लड़की Puja Saikia खामोशी से अपने आस-पास के लोगों का जीवन बदल रही हैं। बिना किसी की मदद के, पूजा ने अपना खुद का बुके (गुलदस्ता) बनाने का वर्कशॉप शुरू किया और आज उनका यह काम पूरे असम की महिलाओं को प्रेरित कर रहा है।
पूजा ने अपने वर्कशॉप में 20 महिलाओं के साथ इस सफर की शुरुआत की और उन्हें अपने हाथों से सुंदर बुके बनाना सिखाया। उन्होंने सिर्फ एक बिजनेस नहीं खोला, बल्कि उन महिलाओं के लिए अवसरों का एक नया दरवाजा खोला जो कुछ नया सीखना और अपने पैरों पर खड़ा होना चाहती थीं। देखते ही देखते पूरे असम से महिलाओं ने उनके वर्कशॉप में दिलचस्पी दिखाई। बुके बनाने की कला सीखने की डिमांड अब इतनी बढ़ गई है कि उनके वर्कशॉप में शामिल होने के लिए लोगों को अपनी सीट एडवांस में बुक करानी पड़ती है।
उनका बिजनेस 'हैंडीक्राफ्ट स्पॉट' अब सिर्फ एक छोटा वर्कशॉप नहीं रह गया है। आज यह एक जाना-माना नाम बन चुका है, जहां से आप बेहतरीन बुके और लड़कियों के लिए हर तरह की हैंडमेड (हाथ से बनी) एक्सेसरीज खरीद सकते हैं। यहां बिकने वाली हर चीज पूरी रचनात्मकता और प्यार के साथ हाथों से बनाई जाती है।
पूजा के सपने बहुत बड़े हैं। वह आने वाले दिनों में अपने वर्कशॉप का विस्तार करने की योजना बना रही हैं, ताकि अधिक से अधिक महिलाएं यहां जुड़ सकें और सम्मान के साथ नई कला सीखकर पैसे कमा सकें।
नगांव से शुरू हुई उनकी यह कहानी इस बात का जीता-जागता उदाहरण है कि अगर एक महिला ठान ले, तो वह शून्य से भी एक खूबसूरत मुकाम हासिल कर सकती है और पूरे समाज के लिए प्रेरणा बन सकती है।
