पेटलावद/झाबुआ : नगर में पेयजल वितरण व्यवस्था को लेकर प्रशासन पूरी तरह सतर्क हो गया है। शासन के निर्देशानुसार जिला कलेक्टर श्रीमती नेहा मीना के मार्गदर्शन में अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) पेटलावद तनुश्री मीणा के निर्देशन में नगर क्षेत्र की पेयजल आपूर्ति, संचालन एवं संधारण व्यवस्था की विस्तृत समीक्षा की गई।
इस अवसर पर आयोजित बैठक में जल वितरण व्यवस्था, शुद्धता, पाइपलाइन संधारण, वाल्व संचालन एवं जल परीक्षण की स्थिति की जानकारी ली गई। बैठक में मुख्य नगर पालिका अधिकारी आशा जितेन्द्र भण्डारी, पीएचई विभाग के अधिकारी बघेल,नायब तहसीलदार अंकिता भिडे,नगर में जल आपूर्ति करने वाली कंपनी पी.सी. स्नेहल के स्थानीय प्रबंधक संदीप, दीपक वास्केल, उपयंत्री नगर परिषद एवं संबंधित कर्मचारी उपस्थित रहे।
फिल्टर प्लांट का निरीक्षण, जल गुणवत्ता की जांच
अनुविभागीय अधिकारी तनुश्री मीणा एवं सीएमओ आशा जितेन्द्र भण्डारी ने फिल्टर प्लांट का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान जल वितरण प्रक्रिया, क्लोरीनेशन एवं पानी की गुणवत्ता की टेस्टिंग हेतु पी एच ई विभाग द्वारा सैंपल लिए गए ।एसडीएम ने मुख्यनगर पालिका अधिकारी को निर्देशित किया कि पेयजल आपूर्ति में किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए तथा शुद्धता के मानकों का सख्ती से पालन किया जाए।
उन्होंने आम नागरिकों को हो रही पानी संबंधी समस्याओं का त्वरित निराकरण सुनिश्चित करने हेतु हेल्प डेस्क स्थापित करने के निर्देश भी दिए।
जागरूकता अभियान चलाने के निर्देश
मुख्य नगर पालिका अधिकारी आशा जितेन्द्र भण्डारी ने बताया कि शासन के निर्देशानुसार नगर में पेयजल को लेकर जन-जागरूकता अभियान चलाया जाएगा। नागरिकों को पानी की समस्या होने पर तत्काल नगर पालिका को सूचना देने के लिए प्रेरित किया जाएगा।
नगर के विभिन्न क्षेत्रों में जाकर प्रत्येक वार्ड के घरों के पानी के सैंपल लिए जाकर गुणवत्ता की जांच की जाएगी वोराली डेम का भी निरीक्षण किया गया ।
नगर में पेयजल संचालन, संधारण व वितरण का कार्य पी सी स्नेहल कंपनी अहमदाबाद द्वारा किया जा रहा हे ।
इंदौर की घटना के बाद प्रशासन सख्त
हाल ही में इंदौर में जल आपूर्ति से जुड़ी घटना के बाद शासन एवं प्रशासन द्वारा सख्त निर्देश जारी किए गए हैं। इसके तहत जिला एवं स्थानीय प्रशासन अलर्ट मोड में है। नगर में लगातार अभियान चलाकर नागरिकों को नल खुले न छोड़ने, गंदे पानी का जमाव न होने देने, स्वच्छता बनाए रखने एवं आवश्यकता अनुसार दवा छिड़काव कराने के निर्देश दिए गए हैं।
प्रशासन ने स्पष्ट किया कि पेयजल व्यवस्था को लेकर किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और नागरिकों को सुरक्षित, स्वच्छ एवं पर्याप्त पेयजल उपलब्ध कराना सर्वोच्च प्राथमिकता रहेगी।



