राजगढ़। नगर के लिए गौरव की बात है कि राजगढ़ में जन्मे और पले-बढ़े गौरव सिंह चौहान, जिन्हें हिंदी कवि सम्मेलन और साहित्य जगत में गौरव ‘साक्षी’ के नाम से पहचाना जाता है, अब अंतरराष्ट्रीय मंच पर अपनी कविताओं की प्रस्तुति देने जा रहे हैं। गौरव ‘साक्षी’ 25 सितंबर 2026 को कतर की राजधानी दोहा में आयोजित कार्यक्रम में अपनी कविताओं का पाठ करेंगे।
गौरव मूल रूप से मध्य प्रदेश के धार जिले के राजगढ़ नगर के रहने वाले हैं। उनका जन्म राजगढ़ में हुआ और उन्होंने अपनी स्कूली शिक्षा भी राजगढ़ से ही पूरी की। उच्च शिक्षा के लिए वे इंदौर में रहने लगे।
गौरव के जीवन में उस समय कठिन परिस्थितियां आईं, जब उनके पिता स्व. नरेंद्र सिंह चौहान का गंभीर बीमारी के कारण अचानक निधन हो गया। इसके बाद उन्हें पढ़ाई के साथ-साथ परिवार की जिम्मेदारियां भी संभालनी पड़ीं। इन विपरीत परिस्थितियों के बावजूद गौरव ने कविता की अपनी साधना को कम नहीं होने दिया और लगातार अपनी काव्य यात्रा को आगे बढ़ाया।
काका से मिली कविता की प्रारंभिक शिक्षा
गौरव को कविता की प्रारंभिक शिक्षा उनके काका यशवंत चौहान से मिली। आगे चलकर नोएडा के कवि अमित शर्मा ने उनकी प्रतिभा को प्रोत्साहित किया।
पिछले करीब आधे दशक से गौरव विश्व विख्यात राम कथा मर्मज्ञ, युग वक्ता और युग कवि डॉ. कुमार विश्वास के मार्गदर्शन में उनके शिष्य के रूप में अपनी काव्य यात्रा को आगे बढ़ा रहे हैं।
गौरव डॉ. कुमार विश्वास द्वारा कवियों के प्रशिक्षण के लिए संचालित प्रकल्प के.वी. शाला 2025 से प्रशिक्षित हैं। गौरव के अनुसार, डॉ. कुमार विश्वास कई बार मंच से उन्हें अपने चहिते कवियों में शामिल होने की बात कह चुके हैं।
देश के कई बड़े कवियों और हस्तियों के साथ साझा किया मंच
गौरव ‘साक्षी’ ने हिंदी और उर्दू साहित्य के कई प्रतिष्ठित कवियों और शायरों के साथ मंच साझा किया है। इनमें शैलेष लोढ़ा, पद्मश्री अशोक चक्रधर, पद्मश्री सुरेंद्र शर्मा और डॉ. हरिओम पंवार सहित कई नाम शामिल हैं।
इसके अलावा गौरव ने बागेश्वर धाम सरकार धीरेंद्र शास्त्री, अभिनेता एवं सांसद रवि किशन, स्वानंद किरकिरे, सौरभ द्विवेदी सहित कई नामचीन हस्तियों के साथ भी मंच साझा किया है।
राष्ट्रीय टीवी चैनल, आकाशवाणी और दूरदर्शन पर भी काव्य पाठ
गौरव ‘साक्षी’ केवल कवि सम्मेलनों के मंच तक सीमित नहीं हैं। वे कई राष्ट्रीय टीवी चैनलों, आकाशवाणी, दूरदर्शन तथा एफएम रेडियो के माध्यम से भी अपनी कविताओं का वाचन कर चुके हैं।
उनके लिखे गीत, गजलें और लेख समय-समय पर अनेक समाचार पत्रों एवं पत्र-पत्रिकाओं में प्रकाशित होते रहते हैं। इसके अलावा गौरव एक कुशल मंच संचालक के रूप में भी अपनी पहचान बना चुके हैं और समय-समय पर राष्ट्रीय तथा अंतरराष्ट्रीय स्तर के विभिन्न कार्यक्रमों का संचालन करते दिखाई देते हैं।
राम जन्मभूमि स्थापना के 45 दिवसीय उत्सव में भी सहभागिता
उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा राम जन्मभूमि स्थापना के अवसर पर आयोजित निरंतर 45 दिवसीय उत्सव के अंतर्गत आयोजित कार्यक्रमों में हिस्सा लेने वाले गौरव देश के चुनिंदा कवियों और कलाकारों में शामिल रहे हैं।
लाल किला कवि सम्मेलन में भी किया काव्य पाठ
गौरव ने गणतंत्र दिवस और स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर दिल्ली सरकार द्वारा आयोजित देश के प्रतिष्ठित कवि सम्मेलन में भी काव्य पाठ किया है। इस आयोजन को लाल किला कवि सम्मेलन के नाम से भी जाना जाता है। वर्ष 2024 में गौरव ने इस प्रतिष्ठित मंच से काव्य पाठ किया।
देश के प्रतिष्ठित संस्थानों में काव्य पाठ
गौरव ‘साक्षी’ ने भारतीय वायु सेना, भारतीय थल सेना, उत्तर प्रदेश साहित्य अकादमी एवं संस्कृति विभाग, हिंदी अकादमी दिल्ली सरकार, मध्य प्रदेश साहित्य अकादमी, मध्य प्रदेश संस्कृति विभाग, National Book Trust India भारत सरकार, छत्तीसगढ़ संस्कृति विभाग सहित देश के अनेक प्रतिष्ठित संस्थानों में आयोजित कवि सम्मेलनों एवं मुशायरों में काव्य पाठ किया है।
इसके अलावा उन्होंने IIT रुड़की, IIT दिल्ली, IIT कानपुर, IIT खड़गपुर, IIT इंदौर और NIT सूरत सहित देश के कई प्रतिष्ठित शैक्षणिक संस्थानों में आयोजित कवि सम्मेलनों एवं मुशायरों में भी अपनी कविताएं प्रस्तुत की हैं।
गौरव ‘साक्षी’ की पुस्तकें
गौरव की प्रकाशित एवं आगामी पुस्तकों में शामिल हैं:
खरोंच - मुक्तक संग्रह, संस्मय प्रकाशन, दिल्ली, 2021 में प्रकाशित।
मर्दन - खंड काव्य, शीघ्र प्रकाशित।
गौरव ‘साक्षी’ को मिले प्रमुख सम्मान
गौरव सिंह चौहान ‘गौरव साक्षी’ को विभिन्न संस्थाओं द्वारा कई सम्मान प्राप्त हो चुके हैं। इनमें प्रमुख रूप से शामिल हैं:
नगर परिषद राजगढ़ (धार) द्वारा 26 जनवरी 2020 को नगर श्रेष्ठ सम्मान से अलंकृत।
मातृभाषा उन्नयन संस्थान द्वारा इंदौर में वर्ष 2021 में काव्य गौरव सम्मान से अलंकृत।
संस्था विद्यांजलि भारत मंच इंदौर द्वारा वर्ष 2022 में महारथी सम्मान 2022 से अलंकृत।
डॉ. एस.एन. तिवारी स्मृति समिति इंदौर द्वारा वर्ष 2022 में डॉ. एस.एन. तिवारी युवा रचनाकार 2022 सम्मान से अलंकृत।
ललित फाउंडेशन दिल्ली द्वारा वर्ष 2023 में कुशाग्र सम्मान से अलंकृत।
महाकवि बाण फाउंडेशन लखनऊ, उत्तर प्रदेश द्वारा वर्ष 2023 में राष्ट्र गौरव सम्मान से अलंकृत।
भारतीय वायु सेना के प्रशिक्षण कमान मुख्यालय बैंगलोर, कर्नाटक में आयोजित हिंदी सम्मेलन 2024 के तहत कर्नाटक के राज्यपाल डॉ. थावरचंद गेहलोत द्वारा सम्मानित।
डॉ. कुमार विश्वास द्वारा संचालित विश्वास ट्रस्ट की ओर से सितंबर 2024 में युवा गीतकार सम्मान से सम्मानित किया गया। इस सम्मान के तहत 51,000 रुपये की राशि प्रदान की गई।
प्रतिष्ठित न्यूज चैनल एम.पी. न्यूज द्वारा अक्टूबर 2024 में मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के हाथों एम.पी. के नायक सम्मान से सम्मानित किया गया।
25 सितंबर 2026 को कतर की राजधानी दोहा में होने वाला काव्य पाठ राजगढ़ में जन्मे और यहां से अपनी प्रारंभिक शिक्षा पूरी करने वाले गौरव ‘साक्षी’ की काव्य यात्रा का एक महत्वपूर्ण अंतरराष्ट्रीय मंच होगा।


